दीपावली पाडवा का उल्लास- 🪔 नवसंवत्सर का प्रकाश 🪔🌅✨📅

Started by Atul Kaviraje, October 23, 2025, 12:53:56 PM

Previous topic - Next topic

Atul Kaviraje

दीपावली पाडवा - नवसंवत्सर और वैवाहिक प्रेम का प्रतीक-

हिंदी कविता: दीपावली पाडवा का उल्लास-

🪔 नवसंवत्सर का प्रकाश 🪔

चरण 1:
दीपावली की रात के बाद,
आया पाडवा का सुनहरा सवेरा।
नए साल का शुभारंभ है,
मिट गया सबका अंधेरा। 🌅✨📅

अर्थ: दीपावली की रात के बाद पाडवा का सुनहरा सवेरा आया। यह नए साल का शुभारंभ है और सबका अंधेरा (दुख) मिट गया है।

चरण 2:
नए वस्त्र पहनें सभी,
नए गहने सजे हाथ।
नई उमंग, नया जोश,
नई किरण लेकर आए साथ। 👘💎🚀

अर्थ: सभी नए कपड़े पहनें, हाथों में नए गहने सजे हैं। नई उमंग, नया जोश है और नई किरणें (आशा) साथ लेकर आई हैं।

चरण 3:
पत्नी करे पति की आरती,
पति दे उपहार प्यार।
दांपत्य जीवन में बढ़े,
प्रेम और अपनापन सार। 🙏🪔🎁

अर्थ: पत्नी पति की आरती करे और पति प्यार से उपहार दे। पति-पत्नी के जीवन में प्रेम और अपनापन बढ़े।

चरण 4:
व्यापारी करें चोपड़ा पूजन,
नए बही-खाते की शुरुआत।
लक्ष्मी-कुबेर का वरदान,
सब पर बरसे महिमा अपार। 📒🔄💰

अर्थ: व्यापारी चोपड़ा पूजन करें और नए बही-खाते की शुरुआत करें। लक्ष्मी-कुबेर का वरदान सब पर अपार महिमा (कृपा) बरसाए।

चरण 5:
भगवान राम का राज्याभिषेक,
इसी दिन हुआ था।
वामन ने बलि को दिया,
पाताल में स्थान था। 👑🏹🦶

अर्थ: इसी दिन भगवान राम का राज्याभिषेक हुआ था। वामन भगवान ने बलि को पाताल लोक में स्थान दिया था।

चरण 6:
स्नान-दान का महत्व,
मुहूर्त देखकर कार्यारंभ।
ईश्वर से माँगें आशीर्वाद,
जीवन में हो मंगल सम्पूर्ण। 🛀🤲🌟

अर्थ: स्नान और दान का महत्व है, मुहूर्त देखकर नए काम की शुरुआत करें। ईश्वर से आशीर्वाद माँगें कि जीवन में पूर्ण मंगल हो।

चरण 7:
मुबारक हो नव संवत्सर,
सबको बार-बार।
सुख-समृद्धि बनी रहे,
हर घर में हो खुशहाली। 🥳📅🏠

अर्थ: नए साल की बार-बार शुभकामनाएँ। सुख-समृद्धि बनी रहे और हर घर में खुशहाली हो।

--अतुल परब
--दिनांक-22.10.2025-बुधवार.
===========================================