॥ दत्त अवतार: सद्गुरु नरसिंह सरस्वती ॥☀️ 🚩 🛐 ✨ 🙏 🌊 🕉️ 🐚 📖 🌕 🌸 🏠 🍛 🔔

Started by Atul Kaviraje, January 10, 2026, 08:32:51 PM

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Atul Kaviraje

नृसिंह सरस्वती जयंती: आज श्री नृसिंह सरस्वती की जयंती है, जो श्री दत्त संप्रदाय के एक महत्वपूर्ण संत हैं।
श्री नृसिंह सरस्वती जयंती: आज श्री नृसिंह सरस्वती की जयंती है, जिन्हें श्री दत्त संप्रदाय का दूसरा अवतार माना जाता है। गंगापुर, नरसोबाची वाडी में एक खास उत्सव मनाया जाता है।

पौष पूर्णिमा के शुभ अवसर पर, शनिवार, 3 जनवरी, 2026 को दत्त संप्रदाय के दूसरे अवतार श्रीमद् नरसिंह सरस्वती महाराज की जयंती के अवसर पर:

॥ दत्त अवतार: सद्गुरु नरसिंह सरस्वती ॥

1.
पौष पूर्णिमा का सूरज उगा, धन्य जहला अवतार करंजा नगरी में पैदा हुआ
दूसरा अवतार, महान सार नरसिंह सरस्वती, मशहूर हुआ
आप तीनों लोकों के स्वामी हैं, आपके दर्शन से शांत होते हैं
भक्तों की यह परेशान और कम संख्या ☀️ 🚩 🛐 ✨

2.
गंगापुर और वाडी क्षेत्र, संगम स्थल पर यह दिव्य निवास दिखता है
भक्तों का यह वनवास 'दिगंबर दिगंबर' के नाम से खत्म होता है
सद्गुरु राय की खुशबू से पूरा आसमान भर गया है
आपकी कृपा से
भाग्य का यह रास्ता खुल गया है 🙏 🌊 🕉� 🐚

3.
गुरुचरित्र का पाठ हर घर में होता है,
यह दिव्य मंत्र नामुमकिन को मुमकिन कर देगा।
इस तरह आपकी भक्ति तकनीक शनिवार को एक साथ आई है।
यह पूर्णिमा सद्गुरु के चरणों में हंसती है। वैकुंठ का एहसास असल में होता है। 📖 🌕 🌸 🏠

4.
अन्नपूर्णा माता वहीं प्रसन्न होती हैं, जहाँ आप भिक्षा मांगते हैं,
दुखी आत्माएं, आप खुद सुख का मार्ग दिखाते हैं,
अवधूत चिंतन की ध्वनि सुनाई देती है।
भक्ति का यह पावन उद्यान आज है,
नरसिंह सरस्वती जयंती। आनंद का यह उत्सव 🍛 🔔 🤲 ✅

5.
आपकी सरल शिक्षाओं, कार्यों और भक्ति, अहंकार के मेल ने,
जीवन के इस खेल को उज्ज्वल बना दिया है।
आप, निर्गुण पादुका के रूप में, आज भी गंगापुरी में रहते हैं,
भक्तों की पुकार का जवाब देते हैं। 👣 🧠 🌟 🛡�

6.
औदुंबर वृक्ष की ठंडी छांव में, आपकी कृपा से आत्मा को सच्चा आराम मिले
जीवन में यह नई क्रांति आए, रोग और परेशानियां दूर हों
स्वामी समर्थ के इस रूप में, आपका नाम लेने मात्र से
दुनिया का बोझ उतर गया 🌳 ❤️ 🛡� 😇

7.
यह पूर्णिमा का त्यौहार, जयंती का यह पावन त्यौहार, नृसिंह सरस्वती महाराज को प्रणाम का यह पल हो, अगले साल फिर से आएं
आपकी कृपा की यह छत्रछाया दत्त नाम के इस अमृत के साथ हो
जीवन का सत्र दत्त नाम के इस अमृत से प्रकाशित हो 🙌 🎊 🌙 😊

कविता का संक्षिप्त अर्थ:
दत्त संप्रदाय के दूसरे अवतार माने जाने वाले श्री नृसिंह सरस्वती महाराज की जयंती है पौष पूर्णिमा को मनाया जाता है।
उनका जन्म करंजा में हुआ था और उन्होंने गंगापुर, नरसोबाची वाडी और औदुंबरा के इलाकों में भक्ति का रास्ता दिखाया।
यह कविता उनके अलौकिक काम, गुरुचरित्र किताब के महत्व और भक्तों के जीवन में उनकी जगह के बारे में बताती है।

सिर्फ़ इमोजी समरी:
☀️ 🚩 🛐 ✨ 🙏 🌊 🕉� 🐚 📖 🌕 🌸 🏠 🍛 🔔 🤲 ✅ 👣 🧠 🌟 🛡� 🌳 ❤️ 🛡� 😇 🙌 🎊 🌙 😊

सिर्फ़ शब्द समरी:
भगवान: श्री नरसिंह सरस्वती, दत्ता अवतार, सद्गुरु, स्वामी, त्रैलोक्य स्वामी।

क्षेत्र: गंगापुर, नरसोबाची वाडी, करंजा, औदुम्बरा, संगम।

पुस्तकें: श्री गुरुचरित्र, नामस्मरण, दिगंबर दिगंबरा, अवधूत चिंतन।

अनुष्ठान: जयंती समारोह, दान, अभिषेक, पादुका दर्शन, स्नान।

तारीख: पौष पूर्णिमा, शनिवार, 3 जनवरी, 2026।

फल: दुख दूर करना, सुख, शांति, भक्ति, ज्ञान, आशीर्वाद।

--अतुल परब
--दिनांक-03.01.2026-शनिवार.
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