॥ शिवर फुले रब्बीचे: बलिराजा की भक्ति ॥🌾 🌫️ 🚩 🙏 🌾 ✨ 🚜 💖 💧 🌱 ☀️ 🤗 🤝 ✍️

Started by Atul Kaviraje, January 29, 2026, 09:54:11 PM

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Atul Kaviraje

खेती: यह समय रबी फसलों की ग्रोथ के लिए ज़रूरी है।

सोमवार, 19 जनवरी, 2026 को बलिराजा की मेहनत से खिले 'रब्बी हंगामा' के मौके पर, खेती और भक्ति को जोड़ती यह लंबी कविता:

॥ शिवर फुले रब्बीचे: बलिराजा की भक्ति ॥

1. यह माघ महीने की सुबह है, आज शिवर में बारिश हो रही है, यह हरियाली रबी की फसलों के लहलहाने से घनी है। बलिराजा की मेहनत, फल मीठा है, विट्ठल की कृपा से, यह ज़मीन आज़ाद हुई है.. 🌾 🌫� 🚩 🙏

2. गेहूं और चना, हवा में लहराते हुए, सुनहरे बालों की तरह, इस धरती पर बिछे हुए हैं। ज्वार के वो कान, मोती जैसी आवाज़ चमक रही है, किसान की आँखों में, नए सपने खिल रहे हैं.. 🌾 ✨ 🚜 💖

3. इस ठंड के मौसम में, फसलें ज़ोरों से उग रही हैं, काली माँ की गोद में, खुशहाली खिल रही है। फसल को पानी दो, मानो भगवान का रूप हो, यही मुश्किलों से मुक्ति है, क्षितिज पर मीठी धूप है। 💧 🌱 ☀️ 🤗

4. ये सीधा-सादा भोलापन है खेती, और ये आस्था का भाव, रबी के इस मौसम में, ये पूरा गाँव खुशियों से भरा है। तुकबंदी पसीने से जुड़ी है, धरती की इस मिट्टी से, रिश्ता अटूट है, प्रकृति की इस शक्ति से। 🤝 ✍️ 🌽 🌈

5. कोई घमंड नहीं, कोई अहंकार नहीं, प्रकृति देवता के चरणों में, आओ नम्रता से झुकें। बलीराजा की यही सेवा, यही भगवान की सच्ची पूजा है, शिव ही मंदिर हैं, और वही हमारे राजा हैं। 🧘�♂️ 🚫 🙇�♀️ 💎

6. होठों पर हमेशा नाम तेरा रहे, कर्म का ये अटूट रास्ता, हरी-भरी फसल में, हमें ये स्वर्ग दिखे। ये कड़वा छठा गीत, धरती की बड़ी शान, किसान की मेहनत की ये खूबसूरत छवि। 🕯� 🌟 📖 🖼�

7. हे ईश्वर, आप पूरी दुनिया का भरण-पोषण करते रहें, तरक्की से जगमगाते रहें, यही बलीराजा का नंदा है। खुशहाली की ये गंगा, हर घर में बहे, इस रबी की फसल के साथ, जीवन में खुशियां लाएं। 🌻 🌏 📈 🙌

कविता का छोटा मतलब (Summary)
यह कविता रबी के मौसम में फसलों की बढ़त और किसान की मुश्किलों के बारे में बताती है। माघ महीने की ठंड गेहूं, चना और ज्वार जैसी फसलों के लिए वरदान है। इस कविता में यह भावना बताई गई है कि खेती सिर्फ काम नहीं बल्कि भक्ति भी है, और शिव ही मंदिर हैं। यह कविता प्रार्थना करती है कि बलिराजा का जीवन प्रकृति की कृपा से खुशहाल हो।

सिर्फ़ शब्दों की समरी
रब्बी सीज़न • बलिराजा • शिवर • गेहूं • चना • खुशहाली • काली आई • मुश्किल • प्रकृति • आशीर्वाद

सिर्फ़ इमोजी समरी
🌾 🌫� 🚩 🙏 🌾 ✨ 🚜 💖 💧 🌱 ☀️ 🤗 🤝 ✍️ 🌽 🌈 🧘�♂️ 🚫 🙇�♀️ 💎 🕯� 🌟 📖 🖼� 🌻 🌏 📈 🙌

--अतुल परब
--दिनांक-19.01.2026-सोमवार.
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