।। निरवी का उरुस : भक्ति का यह उत्सव ।।-🕌 ✨ 🛐 🙏 🌸 🌫️ 🟠 🎊 🤝 🕊️ 🚩 ☪️ 🎡

Started by Atul Kaviraje, July 23, 2026, 12:32:56 PM

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Atul Kaviraje

NIRAVI URUS, TAKLUKA-SHIRUR, JILHAA-PUNE-

पुणे जिल्ह्यातील शिरूर तालुक्यातील निरवी येथील उरुसानिमित्त भक्तीपूर्ण आणि रसाळ दीर्घ मराठी कविता आणि तिचे हिंदी भाषांतर सादर आहे.

।। निरवी का उरुस : भक्ति का यह उत्सव ।।

१. शिरूर तालुक में निरवी गाँव पावन,
उरुस का यह मेला दे खुशियों का सावन।
पीर के चरणों में नतमस्तक हों हम सब,
भक्ति के रंग में रंगे हैं यहाँ सब जन।
🕌 ✨ 🛐 🙏

२. संदल निकला आज धूम-धाम से बजते,
फूलों की चादर से नभ हैं अब सजते।
अबीर गुलाल और धूप की यह महक,
भक्तों के मन में उठी भक्ति की लहक।
🌸 🌫� 🟠 🎊

३. हिंदू-मुस्लिम एकता का यह पावन उत्सव,
मानवता का यहाँ दीखे प्यारा यह वैभव।
पीर के आशीर्वाद से मिटें सब संकट,
दुःखों के पर्वत और जीवन के खटपट।
🤝 🕊� 🚩 ☪️

४. झूलों और दुकानों से सजी है यह जत्रा,
खुशियों का संदेश मिले जैसे कोई पत्रा।
बेटियाँ आई हैं आज अपने मायके यहाँ,
निरवी की नगरी में आनंद है छाया जहाँ।
🎡 🍭 🧒 🏡

५. कुश्तियों का अखाड़ा और शौर्य की यह गाथा,
पीर बाबा के चरणों में झुकाते हम माथा।
गाँव-गाँव से लोग आए बड़ी ही उमंग से,
चमक उठी निरवी नगरी भक्ति के रंग से।
🤼�♂️ 💪 🔥 🌟

६. नैवेद्य अर्पण कर माँगें सबका कल्याण,
शांति मिले सबको मिले यही समाधान।
तुम्हारी कृपा से हो हर घर में सुख,
निवारण हो जग का और मिटे सारा दुःख।
🍯 🤲 💖 ✨

७. अगले बरस भी फिर से आए ऐसा ही मेला,
भक्तों की आँखों में रहे भक्ति का रेला।
निरवी के उरुस की महिमा है बहुत बड़ी,
श्रद्धा की यह धारा रहेगी सदा ही खड़ी।
🙌 🌍 🌈 🚩

शब्द सारांश (Hindi Word Summary):
निरवी, उरुस, संदल, शिरूर, एकता, जत्रा, पीर, आशीर्वाद, श्रद्धा, आनंद।

इमोजी सारांश (Emoji Summary):
🕌 ✨ 🛐 🙏 🌸 🌫� 🟠 🎊 🤝 🕊� 🚩 ☪️ 🎡 🍭 🧒 🏡 🤼�♂️ 💪 🔥 🌟 🍯 🤲 💖 ✨ 🙌 🌍 🌈 🚩

🖼� चित्रसंकल्पना (Visual Concept):
चित्राच्या मध्यभागी निरवी येथील पीर बाबांचा दरगा (Shrine) असावा, ज्यावर फुलांची हिरवी चादर चढवलेली आहे. दरग्याच्या समोर अबीर-गुलाल उधळणारे भक्त आणि संदलची मिरवणूक दाखवावी. एका बाजूला हिंदू आणि मुस्लिम बांधव गळाभेट घेताना (ऐक्याचे प्रतीक) असावेत. पार्श्वभूमीला जत्रेचे पाळणे (Giant Wheel) आणि कुस्त्यांचा आखाडा असावा. चित्रात धुपारतीचा धूर आणि उजेडामुळे एक मंगलमय वातावरण असावे.

--अतुल परब
--दिनांक-२८.०२.२०२६ - शनिवार.
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